मां नंदा देवी मेला 2025 की तैयारियों का स्थलीय निरीक्षण
अल्मोड़ा में मां नंदा देवी मेले की तैयारियां शुरू, मैदान का निरीक्षण
अल्मोड़ा । मां नंदा देवी मेला 2025 को ऐतिहासिक और भव्य बनाने की दिशा में प्रशासन और मेला समिति ने बड़ी तैयारियां शुरू कर दी हैं। नगर के एडम्स गर्ल्स इंटर कॉलेज मैदान में इस बार मेले का आयोजन किया जाएगा। यहां पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ व्यापारिक प्रतिष्ठान भी लगाए जाएंगे। इस संबंध में आयोजित बैठक में प्रशासन, शिक्षा विभाग, मेला समिति और मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने भाग लिया। बैठक के बाद अधिकारियों ने मैदान का स्थलीय निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
छात्राओं की पढ़ाई पर नहीं पड़ेगा असर
बैठक के दौरान उपजिलाधिकारी संजय कुमार, शिक्षा अधिकारी डॉ. हरीश रौतेला, मेला अध्यक्ष मनोज वर्मा और कॉलेज प्रबंधन ने यह सुनिश्चित किया कि मेले के आयोजन से छात्राओं की पढ़ाई में किसी प्रकार का व्यवधान नहीं होगा। अध्यक्ष मनोज वर्मा ने कहा कि मां नंदा देवी मेला सिर्फ धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं है बल्कि यह हमारी सांस्कृतिक धरोहर भी है। उन्होंने बताया कि इस बार मेले को भव्य बनाने के लिए नगर के सभी विभाग एकजुट होकर काम कर रहे हैं।
सांस्कृतिक और व्यापारिक गतिविधियों की रूपरेखा तय
अध्यक्ष ने बताया कि मैदान में लगने वाले प्रतिष्ठानों और सांस्कृतिक मंचों की रूपरेखा पहले ही तैयार की जा चुकी है। इस बार मेले में स्थानीय कलाकारों के साथ-साथ बाहरी राज्यों के कलाकार भी प्रस्तुति देंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अलावा मेले में स्थानीय व्यापारियों और हस्तशिल्पियों को भी दुकानें लगाने का मौका मिलेगा। इससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा और मेले की पहचान राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचेगी।
निरीक्षण में शामिल रहे अधिकारी
निरीक्षण में पुलिस विभाग, नगर निगम, विद्युत विभाग, जल संस्थान समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने संयुक्त रूप से एडम्स गर्ल्स इंटर कॉलेज मैदान का निरीक्षण किया और मेले के लिए आवश्यक सुविधाओं जैसे बिजली, पानी, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर चर्चा की।
मेला समिति और पदाधिकारियों की भूमिका
मेला समिति की ओर से सचिव मनोज सनवाल, उपाध्यक्ष तारा चंद जोशी, व्यवस्थापक अनूप साह, नरेंद्र वर्मा मुन्ना, हरीश भंडारी, मुख्य संयोजक अर्जुन बिष्ट, संयोजक पार्षद अमित साह मोनू, पार्षद कुलदीप मेर, सह संयोजक परितोष जोशी, सह संयोजक पार्षद अभिषेक जोशी, ग्राम पंचायत सदस्य कपिल मल्होत्रा, त्रिलोचन जोशी, दिनेश मठपाल, राजेंद्र बिष्ट, हितेश वर्मा, मनोज भंडारी और पंकज परगाई समेत कई पदाधिकारी शामिल रहे।
धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक महत्व
नंदा देवी मेला सदियों से अल्मोड़ा की धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक रहा है। इसे उत्तराखंड की लोक संस्कृति का दर्पण कहा जाता है। इस मेले में दूर-दराज़ से श्रद्धालु मां नंदा देवी के दर्शन करने और सांस्कृतिक गतिविधियों में शामिल होने आते हैं। मेला अध्यक्ष मनोज वर्मा ने कहा – “यह मेला केवल धार्मिक उत्सव नहीं है, बल्कि यह हमारी संस्कृति, परंपरा और सामूहिकता का प्रतीक है। इसे भव्य और व्यवस्थित बनाना हम सबकी जिम्मेदारी है।”
व्यापार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
इस बार मेले का आयोजन बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। मैदान में सांस्कृतिक मंचों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों की संख्या पिछले सालों की तुलना में अधिक होगी। इससे स्थानीय कारीगरों और व्यापारियों को बड़ा अवसर मिलेगा। साथ ही, मेले में आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ने से पर्यटन उद्योग और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ होगा।
सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर विशेष जोर
पुलिस विभाग ने मेले की सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष योजना बनाने की बात कही है। यातायात को सुचारु बनाने के लिए पार्किंग स्थलों, बैरिकेडिंग और सुरक्षा गश्त की व्यवस्था की जाएगी। नगर निगम और विद्युत विभाग ने भी साफ-सफाई, पानी और रोशनी की व्यवस्था सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया।
छात्राओं और विद्यालय प्रशासन की संतुष्टि
एडम्स गर्ल्स इंटर कॉलेज के प्रबंधक और प्रधानाचार्य ने कहा कि विद्यालय प्रशासन पूरी तरह से मेले के आयोजन का समर्थन करता है। लेकिन यह सुनिश्चित किया जाएगा कि छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित न हो। इसके लिए मेला समिति और विद्यालय प्रबंधन मिलकर कार्य करेंगे। मां नंदा देवी मेला 2025 को भव्य बनाने के लिए प्रशासन, समिति और नगर के सभी विभाग मिलकर काम कर रहे हैं। यह मेला न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक होगा बल्कि सांस्कृतिक धरोहर और आर्थिक प्रगति का भी मंच बनेगा। अल्मोड़ा की पहचान रहे इस मेले को ऐतिहासिक और यादगार बनाने के लिए सभी तैयारियां जोरों पर हैं।
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