ऑपरेशन कालनेमी के तहत ढोंगी बाबाओं के खिलाफ कार्रवाई करती हरिद्वार पुलिस
हरिद्वार।
धार्मिक नगरी हरिद्वार में आस्था और विश्वास की आड़ में लोगों को ठगने वाले ढोंगी बाबाओं के खिलाफ हरिद्वार पुलिस ने बड़ा अभियान छेड़ दिया है। मुख्यमंत्री उत्तराखंड के निर्देश पर पूरे राज्य में चलाए जा रहे ऑपरेशन कालनेमी के तहत हरिद्वार पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाकर कुल 48 फर्जी बाबाओं को हिरासत में लिया है। यह कार्रवाई एसएसपी हरिद्वार के नेतृत्व में की गई, जिससे धार्मिक स्थलों पर सक्रिय ढोंगियों में हड़कंप मच गया।
धर्म की आड़ में चल रहा था ठगी का खेल
पुलिस जांच में सामने आया कि ये तथाकथित बाबा तंत्र-मंत्र, जादू-टोना, झाड़-फूंक और चमत्कार दिखाने का दावा कर स्थानीय लोगों और देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रहे थे। कई मामलों में बिना किसी पहचान पत्र के सार्वजनिक स्थलों और घाटों पर डेरा जमाए ये लोग लोगों की धार्मिक भावनाओं का फायदा उठा रहे थे।
हरिद्वार जैसे पवित्र तीर्थ स्थल पर इस तरह की गतिविधियों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने सख्त कदम उठाया।
धर्म की आड़ में चल रहा था ठगी का खेल
पुलिस जांच में सामने आया कि ये तथाकथित बाबा तंत्र-मंत्र, जादू-टोना, झाड़-फूंक और चमत्कार दिखाने का दावा कर स्थानीय लोगों और देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रहे थे। कई मामलों में बिना किसी पहचान पत्र के सार्वजनिक स्थलों और घाटों पर डेरा जमाए ये लोग लोगों की धार्मिक भावनाओं का फायदा उठा रहे थे।
हरिद्वार जैसे पवित्र तीर्थ स्थल पर इस तरह की गतिविधियों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने सख्त कदम उठाया।कोतवाली नगर क्षेत्र में सबसे बड़ी कार्रवाई
कोतवाली नगर हरिद्वार पुलिस ने ऑपरेशन कालनेमी के तहत सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए 28 ढोंगी बाबाओं को हिरासत में लिया। ये सभी हरकी पैड़ी, सुभाष घाट, रोडीबेलवाला और आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय थे।
पुलिस जांच में पाया गया कि इनमें से कई आरोपी दूसरे राज्यों से आकर यहां रह रहे थे और खुद को साधु-संत बताकर श्रद्धालुओं से पैसे ऐंठ रहे थे। कुछ के पास कोई वैध पहचान पत्र भी नहीं था।
कोतवाली रानीपुर में 11 फर्जी बाबा पकड़े गए
कोतवाली रानीपुर पुलिस द्वारा चलाए गए अभियान में कुल 11 ढोंगी बाबाओं को हिरासत में लिया गया। ये आरोपी झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों और औद्योगिक इलाकों के आसपास सक्रिय थे।
पुलिस के अनुसार, ये लोग धार्मिक वेशभूषा पहनकर आम जनता को भ्रमित कर रहे थे और तंत्र-मंत्र से समस्याएं हल करने का दावा कर रहे थे।
थाना बहादराबाद क्षेत्र में 9 पर कार्रवाई
थाना बहादराबाद पुलिस ने भी ऑपरेशन कालनेमी के तहत 9 ढोंगी बाबाओं के खिलाफ कार्रवाई की। इनमें कुछ नेपाल और अन्य राज्यों से आए हुए थे, जो मंदिरों और पुलों के पास डेरा डालकर लोगों को ठग रहे थे।
हरिद्वार पुलिस ने श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों से अपील की है कि—
- किसी भी चमत्कार या तंत्र-मंत्र के झांसे में न आएं
- संदिग्ध साधुओं या बाबाओं की सूचना तुरंत पुलिस को दें
- केवल प्रमाणित और मान्यता प्राप्त धार्मिक स्थलों व संतों पर ही विश्वास करें
पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन कालनेमी आगे भी जारी रहेगा और भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई लगातार की जाएगी।
ऑपरेशन कालनेमी का उद्देश्य
ऑपरेशन कालनेमी का मुख्य उद्देश्य—
- धार्मिक स्थलों की गरिमा बनाए रखना
- श्रद्धालुओं को ठगी से बचाना
- धर्म के नाम पर अपराध करने वालों पर रोक लगाना
- राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत करना
यह अभियान न केवल हरिद्वार बल्कि पूरे उत्तराखंड में एक सख्त संदेश दे रहा है कि धर्म की आड़ में अपराध करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
हरिद्वार पुलिस द्वारा चलाया गया ऑपरेशन कालनेमी एक सराहनीय और आवश्यक कदम है। 48 ढोंगी बाबाओं की गिरफ्तारी से यह साफ हो गया है कि अब धार्मिक आस्था के नाम पर ठगी करने वालों के दिन लद चुके हैं। यह कार्रवाई न केवल कानून व्यवस्था को मजबूत करती है, बल्कि श्रद्धालुओं के विश्वास की रक्षा भी करती है।
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