सिडकुल पुलिस वृद्धाश्रम में बुजुर्गों से मुलाकात
बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर हरिद्वार पुलिस की संवेदनशील पहल
हरिद्वार।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देशों के अनुपालन में हरिद्वार पुलिस द्वारा वरिष्ठ नागरिकों और वृद्ध व्यक्तियों की सुरक्षा, सम्मान और कुशलक्षेम को लेकर एक सराहनीय अभियान निरंतर चलाया जा रहा है। इसी क्रम में थाना सिडकुल पुलिस ने क्षेत्र में स्थित एक वृद्धाश्रम का दौरा कर वहां निवासरत वृद्धजनों से मुलाकात की और उनकी कुशलक्षेम जानी।
इस पहल का उद्देश्य समाज के उन वर्गों तक पुलिस की संवेदनशील उपस्थिति दर्ज कराना है, जो अक्सर स्वयं को असहाय या अकेला महसूस करते हैं। हरिद्वार पुलिस का यह प्रयास न केवल कानून व्यवस्था तक सीमित है, बल्कि मानवीय मूल्यों और सामाजिक जिम्मेदारी को भी सशक्त रूप से दर्शाता है।
सिडकुल पुलिस पहुंची वृद्धाश्रम, लिया हालचाल
थाना सिडकुल पुलिस की टीम निर्धारित बीट बुक के अनुसार क्षेत्र में स्थित वृद्धाश्रम पहुंची। पुलिस कर्मियों ने वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्गों से व्यक्तिगत रूप से भेंट की और उनकी स्वास्थ्य स्थिति, सुरक्षा संबंधी समस्याओं एवं दैनिक आवश्यकताओं के बारे में जानकारी प्राप्त की।
पुलिस अधिकारियों ने बुजुर्गों से संवाद करते हुए यह जानने का प्रयास किया कि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी तो नहीं हो रही है या किसी बाहरी अथवा आंतरिक खतरे की आशंका तो नहीं है। पुलिस का यह मानवीय व्यवहार बुजुर्गों के चेहरे पर मुस्कान लेकर आया।
आपात स्थिति में 112 पर कॉल करने की दी जानकारी
सिडकुल पुलिस टीम ने वृद्धाश्रम में रह रहे वरिष्ठ नागरिकों को आपातकालीन सेवाओं के प्रति भी जागरूक किया। पुलिस कर्मियों ने बुजुर्गों को बताया कि—
- किसी भी प्रकार की आपात स्थिति में डायल 112 पर तुरंत कॉल करें
- स्थानीय थाना या बीट पुलिस से सीधे संपर्क किया जा सकता है
- किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें
इसके साथ ही बुजुर्गों को आश्वस्त किया गया कि हरिद्वार पुलिस उनकी सुरक्षा के लिए हमेशा तत्पर है और आवश्यकता पड़ने पर त्वरित सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
पुलिस के व्यवहार से भावुक हुए बुजुर्ग
वृद्धाश्रम में पुलिस की इस पहल से बुजुर्ग बेहद प्रसन्न और भावुक नजर आए। वरिष्ठ नागरिकों ने पुलिस के संवेदनशील, सम्मानजनक और सहयोगी व्यवहार की खुले दिल से सराहना की। कई बुजुर्गों ने कहा कि इस तरह की पहल से उन्हें यह एहसास होता है कि समाज और प्रशासन उनके साथ खड़ा है।
बुजुर्गों ने हरिद्वार पुलिस को दिल से दुआएं दीं और कहा कि पुलिस का यह मानवीय चेहरा समाज में विश्वास को और मजबूत करता है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशों का प्रभावी क्रियान्वयन
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार द्वारा समय-समय पर जनपद पुलिस को यह निर्देश दिए जाते रहे हैं कि वरिष्ठ नागरिकों, वृद्ध व्यक्तियों और असहाय लोगों की नियमित रूप से कुशलक्षेम ली जाए। इसी नीति के तहत जिले के सभी थानों को अपने-अपने क्षेत्रों में वृद्धाश्रमों, अकेले रहने वाले बुजुर्गों और वरिष्ठ नागरिकों से संपर्क बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
सिडकुल थाना पुलिस द्वारा किया गया यह दौरा उन्हीं निर्देशों का प्रभावी और सराहनीय उदाहरण है।
समाज में सकारात्मक संदेश दे रही पुलिस की पहल
हरिद्वार पुलिस की यह पहल केवल कानून व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश भी दे रही है। आज के समय में जब संयुक्त परिवार व्यवस्था कमजोर हो रही है और कई बुजुर्ग अकेलेपन का सामना कर रहे हैं, ऐसे में पुलिस का उनके बीच पहुंचना उन्हें सुरक्षा और अपनापन दोनों का एहसास कराता है।
इस प्रकार के अभियानों से—
- बुजुर्गों में सुरक्षा की भावना बढ़ती है
- पुलिस और आमजन के बीच विश्वास मजबूत होता है
- सामाजिक समरसता को बढ़ावा मिलता है
लगातार जारी रहेगा वरिष्ठ नागरिक सुरक्षा अभियान
हरिद्वार पुलिस अधिकारियों के अनुसार वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा एवं सम्मान को लेकर यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा। जिले के अन्य थाना क्षेत्रों में भी पुलिस टीमों द्वारा वृद्धाश्रमों, वरिष्ठ नागरिकों के आवासों और संवेदनशील स्थानों का भ्रमण किया जाएगा।
पुलिस का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी वरिष्ठ नागरिक स्वयं को असुरक्षित या उपेक्षित महसूस न करे।
बुजुर्गों के लिए भरोसे की ढाल बनी पुलिस
सिडकुल पुलिस की यह पहल यह साबित करती है कि पुलिस केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा और सम्मान की जिम्मेदारी भी पूरी निष्ठा से निभा रही है। बुजुर्गों के लिए पुलिस का यह सहयोग एक भरोसे की ढाल के रूप में सामने आया है।
हरिद्वार पुलिस द्वारा वरिष्ठ नागरिकों की कुशलक्षेम लेने का यह अभियान एक सराहनीय और अनुकरणीय कदम है। थाना सिडकुल पुलिस द्वारा वृद्धाश्रम जाकर बुजुर्गों से संवाद करना, उनकी समस्याएं सुनना और सुरक्षा का भरोसा देना समाज में पुलिस की सकारात्मक छवि को और मजबूत करता है। आने वाले समय में इस तरह की पहल निश्चित रूप से बुजुर्गों के जीवन में सुरक्षा, सम्मान और आत्मविश्वास बढ़ाने का कार्य करेगी।
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