जिलाधिकारी गौरव कुमार हणज में आंगनबाड़ी और प्राथमिक विद्यालय का निरीक्षण करते हुए
चमोली। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के अनुपालन में जिलाधिकारी गौरव कुमार ने मंगलवार को तहसील दिवस संपन्न होने के बाद ग्राम सभा गिरसा का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में संचालित विभिन्न विकास योजनाओं, आंगनबाड़ी केंद्रों और प्राथमिक विद्यालयों में चल रही व्यवस्थाओं की गुणवत्ता का सूक्ष्म परीक्षण किया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनहित से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और समयबद्ध कार्यवाही शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
हणज गांव में आंगनबाड़ी केंद्र और विद्यालय की व्यवस्था पर पड़े सवाल
निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी गौरव कुमार हणज गांव पहुंचे, जहां उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्र और प्राथमिक विद्यालय में मौजूद संसाधनों, अध्यापन व्यवस्था तथा बच्चों की उपस्थिति की जानकारी ली। उन्होंने पाया कि विद्यालय में प्रकाश व्यवस्था ठीक तरह से उपलब्ध नहीं है, जिसके चलते बच्चों को असुविधा हो रही है। इस पर जिलाधिकारी ने मुख्य शिक्षाधिकारी को तत्काल सुधारात्मक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिक्षा बच्चों का अधिकार है और इसके लिए आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध होना अनिवार्य है।
आवास योजना की गुणवत्ता पर भी ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित आवासों की गुणवत्ता का जायजा लिया। उन्होंने निर्माण कार्यों में पारदर्शिता और गुणवत्ता मानकों के पालन पर जोर देते हुए संबंधित विभागों को निरंतर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों की योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक पूरी शुचिता के साथ पहुंचे, यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
सिंचाई नहर निर्माण कार्य की भी जांच
इसी क्रम में जिलाधिकारी ने ग्राम क्षेत्र में सिंचाई सुविधा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बन रही नहर प्रणाली का स्थलीय निरीक्षण किया। ग्रामीणों से बातचीत कर उन्होंने नहर के लाभ, पानी की उपलब्धता, कार्य की प्रगति और समस्याओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्माण कार्य की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए कार्यदायी संस्था को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि कृषि उत्पादन बढ़ाने के लिए सिंचाई सुविधाओं को मजबूत करना अत्यंत आवश्यक है।
ग्रामीणों ने रखी समस्याएं, DM ने दिए समाधान के निर्देश
निरीक्षण के दौरान कई ग्रामीणों ने अपने गांव की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया। ग्रामीणों ने पेयजल आपूर्ति, सड़क सुधार, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े विषयों पर ध्यान आकर्षित किया। जिलाधिकारी ने समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि वे शीघ्र समाधान सुनिश्चित कर रिपोर्ट तहसील प्रशासन को प्रस्तुत करें।
उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रत्येक समस्या का निस्तारण निर्धारित समय सीमा में किया जाएगा और किसी भी ग्रामीण को परेशान होने की जरूरत नहीं है।
जिलाधिकारी की सख्त चेतावनी — “लापरवाही हुई तो होगी कड़ी कार्रवाई”
जिलाधिकारी गौरव कुमार ने कहा कि सरकारी योजनाओं का उद्देश्य ग्रामीणों के जीवन में सुधार लाना है। इसलिए अधिकारी और कर्मचारी अपने उत्तरदायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि आगामी निरीक्षण में यदि लापरवाही पाई गई तो जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे अधिकारी
निरीक्षण कार्यक्रम में परियोजना निदेशक आनंद सिंह भकुनी, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अभिषेक गुप्ता, एसडीएम सोहन सिंह रांगण, मुख्य शिक्षाधिकारी श्रीकांत पुरोहित सहित कई जिलास्तरीय अधिकारी एवं स्थानीय जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी के प्रयासों की सराहना की और उम्मीद जताई कि उनकी समस्याओं का समाधान जल्द होगा।
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